सेफिक्स-200 टैबलेट का उपयोग बैक्टीरिया से होने वाले संक्रमणों के इलाज के लिए किया जाता है, जैसे पेशाब की नली का संक्रमण, गले और टॉन्सिल का संक्रमण, कान का संक्रमण, ब्रोंकाइटिस जैसे छाती के संक्रमण और टाइफाइड। डॉक्टर इसे गोनोरिया के कुछ मामलों में भी दे सकते हैं।
इसमें सेफ़िक्साइम होता है, जो सेफ़ालोस्पोरिन वर्ग का एंटीबायोटिक है। यह बैक्टीरिया की सुरक्षा करने वाली बाहरी दीवार को बनने से रोकता है, जिससे बैक्टीरिया ख़त्म हो जाते हैं।
इसे डॉक्टर के बताए अनुसार, खाने के साथ या बिना लें। बेहतर महसूस होने पर भी पूरा कोर्स करें, ताकि संक्रमण दोबारा न हो और बैक्टीरिया पर दवा का असर कम न हो। एंटीबायोटिक सर्दी-जुकाम या फ्लू जैसी वायरल बीमारियों में काम नहीं करता। डॉक्टर की सलाह के बिना कोर्स बीच में न छोड़ें।
अगर आपको पहले कभी पेनिसिलिन या सेफ़ालोस्पोरिन वर्ग की किसी दवा से एलर्जी हुई हो, गुर्दे की बीमारी हो, या एंटीबायोटिक लेने के बाद गंभीर दस्त की समस्या रही हो, तो डॉक्टर को पहले बताएं। गर्भवती हैं या स्तनपान करा रही हैं तो भी डॉक्टर को बताएं। होंठ, चेहरे या गले में सूजन, साँस लेने में तकलीफ़ या पूरे शरीर पर दाने हों, या पानी जैसे या ख़ून वाले गंभीर दस्त हों, चाहे दवा ख़त्म होने के कुछ हफ़्ते बाद ही क्यों न हों, तो तुरंत चिकित्सा सहायता लें।






































































