ऑर्निडा 500 टैबलेट का उपयोग परजीवी और कुछ ख़ास बैक्टीरिया से होने वाले संक्रमणों के इलाज के लिए किया जाता है, जैसे अमीबा और जिआर्डिया से होने वाले दस्त और पेचिश, तथा दांत और मसूड़ों का संक्रमण।
इस टैबलेट में ऑर्निडाज़ोल होता है। यह परजीवियों और कुछ बैक्टीरिया के अंदर पहुँचकर उनकी बनावट को नुक़सान पहुँचाता है, जिससे वे बढ़ नहीं पाते और मर जाते हैं।
ऑर्निडा 500 टैबलेट को खाने के बाद, एक गिलास पानी के साथ लें। दस्त के दौरान शरीर से पानी और नमक निकल जाते हैं, इसलिए साथ में ओआरएस और तरल पदार्थ लेते रहें। डॉक्टर की बताई पूरी अवधि तक दवा लें, भले ही दस्त पहले रुक जाएं।
इलाज के दौरान और दवा ख़त्म होने के कम से कम तीन दिन बाद तक शराब बिल्कुल न पिएं, वरना तेज़ उल्टी, सिरदर्द और धड़कन बढ़ने जैसी तकलीफ़ हो सकती है। दवा के दौरान मुँह का स्वाद धातु जैसा हो सकता है, जो दवा बंद होने पर ठीक हो जाता है। लिवर की बीमारी, दौरे की शिकायत, या नसों से जुड़ी कोई पुरानी तकलीफ़ हो, तो डॉक्टर को ज़रूर बताएं। गर्भवती हों या स्तनपान करा रही हों, तो भी बताएं। हाथ-पैर में सुन्नपन या झुनझुनी हो, चलने में लड़खड़ाहट महसूस हो, या दौरे जैसे लक्षण दिखें, तो दवा बंद करके तुरंत डॉक्टर से मिलें।














































