सोफ्रामाइसिन स्किन क्रीम का उपयोग त्वचा के हल्के बैक्टीरियल संक्रमणों के इलाज के लिए किया जाता है, जैसे संक्रमित घाव, छोटे कटे या छिले हुए हिस्से, फोड़े-फुंसी और हल्की जली हुई त्वचा जिसमें संक्रमण का ख़तरा हो।
इस क्रीम में फ्रैमाइसेटिन होता है, जो त्वचा पर लगाने वाली एंटीबायोटिक दवा है। यह बैक्टीरिया को वह प्रोटीन बनाने से रोक देती है जिसकी उन्हें बढ़ने के लिए ज़रूरत होती है, जिससे संक्रमण आगे नहीं बढ़ता।
लगाने से पहले प्रभावित जगह को साफ़ पानी से धोकर हल्के हाथ से सुखा लें। क्रीम की पतली परत दिन में उतनी ही बार लगाएं जितनी डॉक्टर ने कही हो। लगाने से पहले और बाद में हाथ धोएं। इसे आँखों और कान के अंदर न लगाएं।
यह क्रीम सिर्फ़ बाहरी इस्तेमाल के लिए है। इसे डॉक्टर की बताई अवधि से ज़्यादा दिन तक अपने आप न लगाएं, और शरीर के बड़े हिस्से पर, गहरे या बड़े घाव पर, या ज़्यादा जली हुई त्वचा पर न लगाएं, क्योंकि इस समूह की दवा बड़े हिस्से से शरीर में सोख ली जाए तो सुनने की क्षमता और गुर्दों पर असर पड़ने का ख़तरा रहता है। इस समूह की दवाओं से त्वचा की एलर्जी भी हो सकती है। तय अवधि में आराम न मिले, संक्रमण फैलता दिखे, बुख़ार आ जाए, या घाव से मवाद निकलने लगे, तो डॉक्टर को दिखाएं। गर्भावस्था और स्तनपान के दौरान डॉक्टर की सलाह पर ही इस्तेमाल करें।
एंटीबायोटिक सर्दी-जुकाम या अन्य वायरल बीमारी में काम नहीं करता। इसे केवल डॉक्टर द्वारा निर्धारित संवेदनशील जीवाणु संक्रमण में और बताई गई अवधि तक लें।




















































